दुनिया में ये 5 जीव इंसान से भी ज्यादा होते हैं बुद्धिमान

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आम मत | नई दिल्ली

दुनिया में सबसे बुद्धिमान प्राणी मनुष्‍य इसलिए है क्योंकि उसकी शारीरिक संवरचना प्रकृति के बहुत सारे बंधनों से मुक्त करती है और विकासक्रम में उसका मस्तिष्क हो चला है। परंतु बुद्धि का संबंध तो मस्तिष्क से ही होता है अत: ऐसे भी कई प्राणी है जो मनुष्य से ज्यादा बुद्धिमान हो सकते हैं। आओ जानते हैं ऐसे कौनसे प्राणी है।

चींटी

चींटी का दिमाग सबसे छोड़ा होता है लेकिन बुद्धिमत्ता सबसे बड़ी है। शोधकर्ता मानते हैं कि इसकी प्लानिंग और हरकतों से समझ में आता है कि यह कितनी बुद्धिमान है। यह भूमि के भीतर नगर का निर्माण कर देती है और फिर वहां पर पूरी बारिश में मजे से रहती है। इसे भूकंप और कई तरह की प्राकृतिक आपदाओं का पहले से ही अनुमान लग जाता है।

पेंगुइन

यह एक उभयचर प्राणी है जो जल में रहने के साथ ही धरती पर भी रहने में सक्षम है। यह बहुत बुद्धिमान है जो कि खुद को शीशे में पहचान सकता है। लेकिन यह कभी भी अपनी बुद्धि का प्रदर्शन नहीं करते। यदि आप इन्हें पुकारेंगे तो यह आपकी आवाज सुनकर दौड़े चले आएंगे।

चिंपैंजी

दुनिया का सबसे बुद्धिमान पशु चिम्पैंजी है। चिंपैंजी और मनुष्य के 99 प्रतिशत डीएनए समान होते हैं। केवल चिंपांजी ही एक ऐसा पशु है, जो मुस्कुराता है। यह बुद्धिमान और चालाक प्राणी होते हैं। इनसे कही जाने वाली भाषा को यह तुरंत ही समझ लेते हैं और अगर इनसे संकेतों में भी बात की जाए तो यह उस संकेत को अच्‍छी तरह से पकड़ लेते हैं। पशुओं में चिंपैंजी के अलावा हाथी और कुत्ता भी बहुत बुद्धिमान होते हैं। हाथी बुद्धिमत्ता का प्रतीक माना जाता है और अपनी स्मरण शक्ति तथा बुद्धिमानी के लिए यह प्रसिद्ध है। इनकी बुद्धिमानी डॉल्फ़िन तथा वनमानुषों के बराबर मानी जाती है। कुत्ते को यदि ट्रेनिंग दी जाए तो यह बुद्धिमत्त में नंबर वन का बद सकता है। इससे सूंघने और समझने की क्षमता गजब की होती है। यह मनुष्य का सबसे अच्‍छा दोस्त होता है।

डॉल्फिन

डॉल्फिन को सबसे बुद्धिमान मछली माना जाता है। रोमानिया में डॉल्फिन को मारना मानव हत्या के समान भी माना जाकर दंड का प्रावधान है। एक शोध से यह पता चला है कि धरती पर दो सबसे बुद्धिमान प्रजाति हैं- इंसान और डॉल्फिन। डॉल्फिन भी इंसानों की तरह सोचती और समझती है बस वह बोल नहीं सकती। लेकिन शोध कहते हैं कि डॉल्फिन तो इंसानों से भी कहीं ज्यादा बुद्धिमान और संवेदनशील है। वह किसी महिला के गर्भस्थ शिशु की धड़कनों की आवाज तक सुन लेती है। डॉल्फिनों में दिमाग और शरीर का अनुपात इंसानों जैसा होता है। ये आसानी से दूसरी भाषा पहचान लेती हैं और साथ मिलकर समस्या को हल करती हैं। यही नहीं, शीशे में खुद को देखकर ये पहचान भी सकती है। डॉल्फिन आपस में संवाद करती हैं। डॉल्फिन स्वतंत्रता चाहती है लेकिन इंसानों के बढ़ते दखल के कारण आजकल उसके व्यवहार पर भरोसा नहीं कर सकते क्योंकि इंसानों उसका भरोसा तोड़ा है।

कौआ

हालांकि पांच पक्षियों को सबसे बुद्धिमान माना जाता है, तोता, मैना, बाज, कबूतर और कौआ। तोता और मैना को कुछ ही दिनों में मनुष्यों की भाषा सिखाई जा सकती है जबकि प्राचीन काल में बाज और कबूतरों से संदेश को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने का काम लिया जाता था। दूसरी ओर फिलिपिंस में पाए जाने वाले बोया पक्षी अपने घोसले के चारों और प्रकाश के लिए जुगनुओं को भरकर लटका देते हैं। ऐसा कार्य कोई बुद्धिमान पक्षी ही कर सकता है। उल्लेखनीय है कि प्रडूल नाम का भूरे रंग का नर तोता जो अफ्रीका में पाया जाता है वह सबसे बातूनी तोता है। कबूतर पराबैंगनी किरणें देखने में सक्षम है।

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